यदि संस्कार, परम्पराएँ प्रकृती के स्वभाव के विरूद्ध रही तो, मनुश्य को दुःख ही झेलना पडेगा। Vikas Gedam जो दूसरो के साथ हो रहा हो, वह मेरे साथ कभी नही होगा, मनुश्य का यह सोचना बेबुनियाद है तो उसे एक दिन भारी नुकसान हो सकता है। ...